भारत ने जिस तरह दुनिया को पीछे छोड़ते हुए मोबाइल इंटरनेट और स्मार्टफोन क्रांति की अगुवाई की, ठीक वही इतिहास अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई के मामले में दोहराया जाने वाला है। दुनिया की दिग्गज चिप निर्माता कंपनी क्वालकॉम के सीईओ और प्रेसिडेंट क्रिस्टियानो अमोन ने यह दावा किया है। ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026’ के दौरान एक बातचीत में उन्होंने भारतीय बाजार के लिए एक बड़ा विजन रखते हुए साफ-साफ कहा, “भारत के लिए यही सही समय है”। अमोन का यह बयान केवल एक भविष्यवाणी नहीं, बल्कि सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स इकोसिस्टम के मामले में वैश्विक मंच पर के भारत के बढ़ते भरोसे का प्रतीक है।
स्मार्टफोन की तरह एआई में भी ‘लीपफ्रॉग’ करेगा भारत
अमोन ने भारत की तकनीक अपनाने की क्षमता का विश्लेषण करते हुए कहा, “भारत मोबाइल इंटरनेट की बात करें तो इस मामले में भारत छलांग लगाने में बहुत बेहतर था। जैसे ही देश में स्मार्टफोन और मोबाइल ब्रॉडबैंड की क्रांति हुई, भारत ने इंटरनेट के भविष्य में सीधी छलांग लगा दी। मुझे लगता है कि एआई के मामले में भी ठीक ऐसा ही होने वाला है, खासकर अब जब एआई हर जगह मौजूद होने जा रहा है।”
ग्लोबल फुटप्रिंट और अफोर्डेबल डिवाइसेज
बिजनेस के लिहाज से सबसे अहम बात यह है कि क्वालकॉम भारत के मैन्युफैक्चरिंग एम्बिशन को ग्लोबल सप्लाई चेन से जोड़कर देख रहा है। अमोन ने कहा कि सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में निवेश की भारत की महत्वाकांक्षा न केवल घरेलू बाजार के लिए, बल्कि अन्य देशों के लिए भी किफायती उपकरणों के बड़े पैमाने पर उत्पादन का अवसर पैदा करती है। उन्होंने कहा, “हम भारत में इस इकोसिस्टम को जीवंत बनाने और इसे वैश्विक पदचिह्न हासिल करने में मदद करने के लिए अपना योगदान देने जा रहे हैं।”
प्रीमियम सेगमेंट में क्वालकॉम का दबदबा
भारतीय बाजार में क्वालकॉम की पकड़ कितनी मजबूत है, यह आंकड़ों से समझा जा सकता है। मार्केट रिसर्च फर्म साइबरमीडिया रिसर्च (सीएमआर) के अनुसार, क्वालकॉम 34% हिस्सेदारी के साथ भारत के प्रीमियम स्मार्टफोन सेगमेंट में सबसे आगे है।
सिर्फ फोन नहीं, कारों और पीसी में भी एआई
अमोन ने भविष्य की रूपरेखा बताते हुए कहा कि एआई का अगला अध्याय कंप्यूटिंग को हर डिवाइस तक ले जाने का है। कंपनी एआई स्मार्टफोन, नए पर्सनल एआई डिवाइस, कारों, पीसी और इंडस्ट्रियल सेक्टर में एआई के विस्तार को लेकर बेहद उत्साहित है। उनका मानना है कि एआई तकनीकी परिदृश्य में जो ‘डिस्ट्रप्शन’ ला रहा है, वह भारत में नए खिलाड़ियों के लिए अवसर पैदा करेगा। क्वालकॉम सीईओ का यह बयान बताता है कि वैश्विक कंपनियां अब भारत को केवल एक उपभोक्ता बाजार के रूप में नहीं, बल्कि एआई और हार्डवेयर के एक प्रमुख निर्माता और निर्यातक के रूप में देख रही हैं।